सड़क की दरार में बाइक फंसने से व्यक्ति की मौत
ग्रामीणों का प्रदर्शन बोले अब तक पांच लोग गंवा चुके अपनी जान
बीना। खिमलासा-कंजिया मुख्य मार्ग पर करोंदा रेलवे गेट के पास सड़क के बीच बनी गहरी दरार में बाइक का अगला पहिया फंसने से 54 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना से गुस्साये ग्रामीणों ने सड़क की बदहाली को लेकर मौके पर प्रदर्शन किया। उमरिया गांव के रहने वाले भगवान सिंह यादव 54 बुधवार रात बारिश की वजह से बीना में रुक गये थे। गुरुवार को वे अपनी बाइक से वापस गांव लौट रहे थे। इसी दौरान करोंदा रेलवे गेट के पास सड़क की दरार में उनकी बाइक का अगला पहिया फंस गया, जिससे वे संतुलन खोकर सड़क पर गिर गये और गंभीर चोटें आने से उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के बेटे दीपक यादव ने पिता की मौत का जिम्मेदार सड़क की खराब स्थिति को बताया। गुरुवार शाम को किसान नेता इंदर सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क पर बनी इन खतरनाक दरारों की वजह से पहले भी करीब पांच लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। यह 37 किलोमीटर लंबी सीसी सड़क बीना के कंजिया से खिमलासा तक एमपीआरडीसी ने 78 लाख रुपये की लागत से बनवाई थी। मुख्य ठेका कंपनी ने इसका काम आगे परिवर्तन कंपनी को पेटी ठेके पर दे दिया था। ग्रामीणों का आरोप है कि पेटी ठेकेदार ने सड़क का निर्माण ठीक ढंग से नहीं किया, जिसका खामियाजा अब वाहन चालकों को भुगतना पड़ रहा है। यह सड़क खिमलासा से कंजिया होते हुये उत्तरप्रदेश और अशोकनगर जिले को जोड़ती है। इस मार्ग से रोजाना 4 हजार से अधिक वाहन गुजरते हैं। रात के समय सामने से आने वाले वाहनों की लाइट के कारण या ओवरटेक करते समय बाइक चालकों को सड़क के बीच बनी 3 से 5 इंच चौड़ी दरारें दिखाई नहीं देती और वे दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं।